दंपति स्वास्थ्य
संतान की चाह रखने वाले दंपतियों के लिए स्वास्थ्य सलाह
गर्भधारण की तैयारी में शरीर की सामान्य सेहत सबसे बड़ी भूमिका निभाती है — वज़न, खान-पान, नींद, तंबाकू-शराब और मन की स्थिति। यह पन्ना उसी के बारे में है।
पहले तीन बातें बिल्कुल साफ़
- 1हम बाँझपन का इलाज करने या संतान होने की गारंटी देने का दावा नहीं करते। जो कोई ऐसा दावा करे, उससे सावधान रहिए।
- 2हम लड़का या लड़की होने से जुड़ी कोई दवा, सलाह या इलाज नहीं देते। भारत में यह क़ानूनन अपराध है, और हमारे यहाँ इसकी कोई जगह नहीं है।
- 3अगर आप एक साल से कोशिश कर रहे हैं और बात नहीं बन रही, तो डॉक्टर से जाँच कराइए — पति और पत्नी दोनों की। देर करने से कुछ नहीं मिलता।
दोनों की बात
जाँच दोनों की होनी चाहिए
हमारे यहाँ संतान न होने का दोष अक्सर अकेले औरत पर डाल दिया जाता है। यह ग़लत है। डॉक्टरों के अनुसार लगभग आधे मामलों में कारण पुरुष की तरफ़ होता है, और कई बार दोनों तरफ़। पुरुष की जाँच आसान है और पहले हो जानी चाहिए — इसमें शर्म की कोई बात नहीं।
जो असर डालता है
सेहत की वे बातें जो सचमुच मायने रखती हैं
वज़न — दोनों का
बहुत ज़्यादा या बहुत कम वज़न, दोनों शरीर के चक्र को बिगाड़ते हैं। यह उन थोड़ी चीज़ों में है जिन पर आपका सीधा बस चलता है।
तंबाकू और शराब
खैनी, गुटखा, बीड़ी और शराब — इनका असर दोनों पर पड़ता है। छोड़ने में जितनी देर, उतना नुक़सान।
खान-पान
ताज़ा घर का खाना, दाल, हरी सब्ज़ी, मौसमी फल, दूध और घी। खून की कमी दूर करना ख़ासकर ज़रूरी है।
नींद और मन
लगातार तनाव और कम नींद शरीर के चक्र पर असर डालते हैं। परिवार और समाज का दबाव भी इसी में गिना जाता है — और वह यहाँ बहुत भारी होता है।
मासिक चक्र की नियमितता
अगर महावारी बहुत अनियमित है, बहुत दर्द होता है, या बहुत कम-ज़्यादा आती है — यह जाँच कराने लायक़ है। इसमें आयुर्वेदिक सहायता दी जा सकती है।
पुरानी बीमारियाँ
शुगर, थायरॉइड और खून की कमी — ये तीनों सीधे असर डालते हैं और इनकी जाँच आसान है। पहले इन्हें देखिए।
डॉक्टर के पास कब जाना ज़रूरी है
- एक साल से कोशिश कर रहे हैं और बात नहीं बनी (35 साल से ऊपर हैं तो छह महीने)
- महावारी बहुत अनियमित है या बिल्कुल नहीं आती
- पेट के निचले हिस्से में लगातार दर्द रहता है
- पहले कभी गर्भपात हो चुका है, या बार-बार हुआ है
- पति या पत्नी में से किसी को कोई पुरानी बीमारी है
हमारे यहाँ
बात पूरी सुनी जाती है
दोनों की बात अलग-अलग भी सुनी जाती है, और साथ भी। जो कहा जाता है वह यहीं रहता है।
जड़ी-बूटियाँ छाँटना
दवा की तैयारी
परामर्श कक्ष
क्लिनिक
सवाल-जवाब
जो अक्सर पूछा जाता है
क्या आप बाँझपन का इलाज करते हैं?
नहीं, और हम ऐसा दावा नहीं करते। हम शरीर की सामान्य सेहत सुधारने में मदद करते हैं — खून की कमी, पाचन, वज़न, नींद और मासिक चक्र की अनियमितता। जाँच और इलाज के लिए डॉक्टर के पास जाना ज़रूरी है।
क्या आपके यहाँ पुत्र प्राप्ति की दवा मिलती है?
नहीं। ऐसी कोई दवा हम नहीं देते और न किसी को देनी चाहिए। भारत में यह क़ानूनन अपराध है, और जो दवाएँ इस नाम पर बिकती हैं वे कई बार माँ और बच्चे दोनों के लिए ख़तरनाक होती हैं।
क्या पति को भी आना पड़ेगा?
हाँ, और यह ज़रूरी है। सेहत की बात दोनों की होती है, और अकेले औरत को भेज देना आधी बात ही सुनना है।
परामर्श
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